Header Ads

ad728
  • Latest Stories

    रूस का दवा यूक्रेन सीमा से हो रही है सैनिको की वापसी ,नाटो प्रमुख ने कहा सैनिक हटने के कोई संकेत नहीं



    We%2BNews%2B24%2BBanner%2B%2B728x90


    We News 24» रिपोर्टिंग / मास्को एजेंसी 

    मास्को, रायटर। यूरोप में गहराते युद्ध के संकट के बीच रूस ने मंगलवार को कहा कि यूक्रेन के पास सैन्य अभ्यास करने के बाद उसकी कुछ सैन्य इकाइयां अपने ठिकानों पर लौट रही हैं। रूस के इस दावे पर पश्चिमी देशों की ओर से बेहद सतर्क और सधी हुई प्रतिक्रिया आई है। ब्रिटिश पीएम बोरिस जानसन ने कहा कि रूस के साथ कूटनीतिक वार्ता का रास्ता खुला है लेकिन जमीनी स्तर पर खुफिया जानकारी बहुत उत्साहजनक नहीं है। वहीं, वार्ता के लिए मास्को पहुंचे जर्मन चांसलर ओलफ शुल्ज ने कुछ रूसी सैनिकों को मोर्चे से हटाए जाने का स्वागत किया। नाटो ने भी कहा है कि उसे जमीनी स्तर पर अभी तक ऐसा कोई संकेत नहीं दिख रहा है। हालांकि रूस की इस घोषणा का बाजार पर सकारात्मक असर दिखा है। रूस और यूक्रेन के शेयर बाजार में उछाल आया और तेल के भाव में गिरावट देखने को मिली।

    ये भी पढ़े-भगवानपुर में ऑटो से मवेशियों के मांस को लेकर मचा बवाल , ऑटो में आग लगा दी.



    उल्लेखनीय है रूस ने पिछले कई दिनों से यूक्रेन की घेराबंदी कर रखी है। उसके करीब एक लाख तीस हजार सैनिक आधुनिक सैन्य साजो-सामान के साथ यूक्रेन के इर्द-गिर्द मोर्चाबंदी किए हैं। शीत युद्ध के बाद यूरोप में यह अब तक की सबसे तनावपूर्ण स्थिति मानी जा रही है। दुनिया को आशंका है कि रूस कभी भी यूक्रेन पर हमला कर सकता है।


    इस बीच क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा कि हमने हमेशा कहा कि सैन्य अभ्यास के बाद हमारी सेनाएं लौट आएंगी। वैसा ही हो रहा है। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने बार-बार चेतावनी देकर संकट को उस बिंदु तक हवा दी जहां पुतिन ने मजाक उड़ाना शुरू कर दिया। वे लोग युद्ध का दिन और तारीख तक बता रहे थे। इस तरह की सनक को समझना असंभव है।


    ये भी पढ़े-पंजाब के बाद अब यूपी में बीजेपी उम्मीदवार और केंद्रीय मंत्री के काफिले पर हमला

    उधर नाटो के प्रमुख ने पिछले दो दिनों में रूस से मिले संकेतों का स्वागत करते हुए इस संकट के कूटनीतिक समाधान की उम्मीद जाहिर की। नाटो के महासचिव जेन्स स्टोलटेनबर्ग ने मीडिया से कहा कि मास्को से संकेत मिल रहे हैं कि कूटनीति जारी रहनी चाहिए। यह हमें सतर्क आशावाद का आधार देता है। लेकिन जमीनी स्तर पर अभी तक हमने रूस की ओर से सेनाएं हटाने का कोई संकेत नहीं देखा।


    उधर यूक्रेन के विदेश मंत्री दिमित्रो कुलेबा ने कहा कि कीव को रूस पर तभी भरोसा होगा जब वह रूसी सैनिकों को मोर्चे से पीछे हटते देखेगा। इंटरफैक्स यूक्रेन के अनुसार कुलेबा ने कहा कि हम जब खुद देखेंगे कि सैनिक वापस हो रहे हैं तभी विश्वास करेंगे।

    इस आर्टिकल को शेयर करे .


    Header%2BAidWhatsApp पर न्यूज़ Updates पाने के लिए हमारे नंबर 9599389900 को अपने मोबाईल में सेव  करके इस नंबर पर मिस्ड कॉल करें। फेसबुक-टिवटर पर हमसे जुड़ने के लिए https://www.facebook.com/wenews24hindi और https://twitter.com/Waors2 पर  क्लिक करें और पेज को लाइक करें 

     

    कोई टिप्पणी नहीं

    कोमेंट करनेके लिए धन्यवाद

    Post Top Ad

    ad728

    Post Bottom Ad

    ad728