📢 We News 24 Digital News / वी न्यूज 24 डिजिटल
✍️न्यूज रिपोर्टर: राजीव रंजन |
📍 बरियारचक, नयागांव (सोनपुर) | सोमवार,, 26 जनवरी 2026
बिहार के सोनपुर प्रखंड के एक गांव में आज एक ऐसी दुखद खबर आई है जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। गांव बरियारचक (इकरी) के एक मजदूर की भूटान की राजधानी थिम्पु में स्थित एक आयरन प्लांट में काम के दौरान रहस्यमयी परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतक विकास कुमार (पिता: भोला दास) की अर्थी जब सोमवार को गांव पहुंची, तो पूरा गांव सिसकियों और रुदन की आवाज से गूंज उठा।
क्या हुआ था?
विकास कुमार रोजगार की तलाश में कई महीने पहले भूटान गए थे और थिम्पु के एक आयरन प्लांट में काम कर रहे थे। परिवार को सूचना मिली कि काम के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और इलाज के दौरान ही उनकी मौत हो गई। कैसे और क्यों तबीयत बिगड़ी, इस बारे में अभी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है। परिवार को केवल यह बताया गया कि काम के दौरान ही उन्हें स्वास्थ्य संबंधी दिक्कत हुई।
परिवार का हाल: तीन नाबालिग बच्चे और रोती हुई विधवा
मौत की खबर मिलते ही परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। विकास कुमार अपने पीछे पत्नी कविता देवी, एक बेटा प्रिंस कुमार और दो बेटियां रोशनी कुमारी व साक्षी कुमारी को छोड़ गए हैं। तीनों बच्चे नाबालिग हैं। पत्नी कविता देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। विकास परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य थे। उनके चले जाने से अब परिवार के सामने रोजी-रोटी और बच्चों के भविष्य का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
ग्रामीणों और परिजनों की मांग: तत्काल मुआवजा और सरकारी मदद
इस दुखद घटना के बाद गांव के लोग और परिजन जिला प्रशासन के सामने अपनी मांगें लेकर खड़े हो गए हैं। स्थानीय समाजसेवी और भाजपा नेता अनिल कुमार सिंह ने वी न्यूज 24 को बताया, "यह मामला सिर्फ एक मौत का नहीं, बल्कि पूरे परिवार के भविष्य का है। विकास किसी दुर्घटना के शिकार नहीं हुए, बल्कि काम के दौरान ही उनकी सेहत बिगड़ी और मौत हो गई। ऐसे में परिवार को उचित मुआवजा, सरकारी नौकरी और सभी सरकारी योजनाओं का लाभ मिलना चाहिए। हम प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग करते हैं।"
👉इसे भी पढ़े- देश के गर्व का पल: 77वें गणतंत्र दिवस पर 'सिंदूर' फॉर्मेशन और 2 कूबड़ वाले ऊंट की धूम, देखें 30 झांकियों का भव्य नजारा!
अब आगे क्या?
परिवार और ग्रामीणों ने जिलाधिकारी और प्रखंड विकास पदाधिकारी से संपर्क करने की योजना बनाई है। उनकी प्रमुख मांगें हैं:
भूटान स्थित कंपनी द्वारा पर्याप्त मुआवजा
बिहार सरकार द्वारा शासकीय अनुदान या विधवा पेंशन
परिवार के किसी सदस्य को सरकारी नौकरी
बच्चों की शिक्षा के लिए विशेष आर्थिक सहायता
वी न्यूज 24 की पहल
हमारी टीम ने इस मामले में मानवाधिकार आयोग और श्रम विभाग को पत्र लिखकर तत्काल जांच और हस्तक्षेप की मांग की है। साथ ही, हमने भूटान स्थित भारतीय दूतावास से संपर्क करके मामले की सच्चाई सामने लाने और परिवार को न्याय दिलाने का अनुरोध किया है।
अंतिम पंक्तियाँ
यह घटना एक बार फिर उन हजारों भारतीय मजदूरों की दुर्दशा को उजागर करती है, जो बेहतर रोजगार की तलाश में विदेशों में जाकर जानजोखिम में डालकर काम करते हैं, लेकिन उचित सुरक्षा और बीमा के अभाव में उनके परिवार संकट में फंस जाते हैं। वी न्यूज 24 पीड़ित परिवार के साथ खड़ा है और न्याय की मांग करता है।
धन्यवाद! हमें खुशी है कि आपने वी न्यूज 24 की खबरें पढ़ीं।
आपके विचार हमारे लिए महत्वपूर्ण हैं! अगर आपको हमारी रिपोर्टिंग पसंद आई, या कोई सुझाव हो, तो नीचे कमेंट जरूर करें — आपकी राय हमें और बेहतर बनाने में मदद करेगी।
आप भी बन सकते हैं हमारे कम्युनिटी रिपोर्टर:
अगर आपके आस-पास कोई ऐसी खबर, शिकायत या जनहित से जुड़ा मुद्दा है जिस पर सबकी नजर जानी चाहिए, तो हमें तुरंत व्हाट्सएप करें: 9599389900।
हम उसे जांचेंगे और सबसे पहले, बेबाक अंदाज में आप तक पहुंचाएंगे। वी न्यूज 24 – सच्ची खबरें, बिना डर के। फॉलो करते रहें और जुड़े रहें
कोई टिप्पणी नहीं
कोमेंट करनेके लिए धन्यवाद